प्रेम का सार: फ़ुरकान एस ख़ान की रूहानी क़िता
फ़ुरकान एस ख़ान की यह सुंदर क़िता 'प्रेम का सार' जीवन में प्रेम के महत्व और उसकी रूहानी गहराई को बयां करती है। इश्क़ की सच्ची परिभाषा जानें।
आधार: बुनियाद, नींव (Foundation) विस्तार: फैलाव (Expansion) रूह: आत्मा (Soul) दुनियावी: सांसारिक (Worldly) व्यापार: लेन-देन, सौदा (Trade, deal) दरिया: नदी (River)
डोर: धागा, बंधन (Thread, bond) शोर: आवाज़, कोलाहल (Noise) रूह: आत्मा (Soul) जिस्म: शरीर (Body) भोर: सुबह, प्रभात (Dawn, morning)
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